चिदंबरम की सरेंडर याचिका का ईडी ने किया विरोध, कोर्ट ने कर दी खारिज

चिदंबरम की सरेंडर याचिका का ईडी ने किया विरोध, कोर्ट ने कर दी खारिज
नई दिल्ली. पूर्व वित्‍त मंत्री (Former Finance Minister) और कांग्रेस (Congress) के वरिष्‍ठ नेता पी. चिदंबरम (P. Chidambaram) की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं. अब दिल्‍ली की राउज एवेन्‍यू अदालत ने मनी लॉन्ड्रिंग (Money Laundering) के मामले में सरेंडर के लिए दायर की गई उनकी याचिका (Surrender Plea) खारिज कर दी है. कोर्ट (Court) ने उनकी इस याचिका पर बृहस्‍पतिवार को आदेश एक दिन के लिए सुरक्षित रख लिया था. सुनवाई के दौरान प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने कोर्ट को बताया कि वह फिलहाल चिदंबरम को गिरफ्तार नहीं करना चाहती. ईडी ने चिदंबरम की सरेंडर याचिका का विरोध करते हुए कहा कि वह अभी जेल में हैं. इसलिए गवाहों या सबूतों को प्रभावित नहीं कर कर सकते.

जांच एजेंसी अभी छह अन्‍य लोगों से करना चाहती है पूछताछ
प्रवर्तन निदेशालय ने कहा कि वह इस मामले में छह अन्य लोगों से पूछताछ करना चाहती है. पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम को एजेंसी सही समय पर गिरफ्तार करना चाहती है. चिदंबरम के वकील कपिल सिब्बल (Kapil Sibbal) ने इसका विरोध करते हुए कहा था कि इस तरह ईडी उनके क्‍लाइंट को परेशान करना चाहती है. प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने कोर्ट से कहा कि आईएनएक्स मीडिया मनी लॉन्ड्रिंग मामले (INX Media Money Laundernig Case) में चिदंबरम की गिरफ्तारी की जरूरत है.

ईडी ने कहा, सही समय पर चिदंबरम को हिरासत में लिया जाएगाविशेष न्यायाधीश अजय कुमार के सामने मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े आईएनएक्स मामले में आत्मसमर्पण (Surrender) की मांग कर रहे चिदंबरम की याचिका का विरोध करते हुए जांच एजेंसी ने कहा कि उन्‍हें सही समय पर हिरासत में लिया जाएगा. आईएनएक्स मीडिया भ्रष्टाचार मामले में चिदंबरम (73) न्यायिक हिरासत (Judicial Custody) में हैं. इस मामले की जांच सीबीआई (CBI) कर रही है. दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद गुरुवार को अदालत ने शुक्रवार तक के लिए आदेश सुरक्षित रख लिया था.

सिब्‍बल ने कहा, चिंदबरम को सिर्फ परेशान करना चाहती है ईडी
सिब्बल ने बृहस्‍पतिवार को कोर्ट में कहा था, ये चाहते हैं कि चिदंबरम को ज़्यादा से ज़्यादा न्यायिक हिरासत में रखें. फिर हिरासत में लें और फिर न्यायिक हिरासत में भेज दें. अब ये छह लोगों से पूछताछ का बहाना बना रहे हैं. ये चिदंबरम को तक़लीफ़ पहुंचाने के लिए ऐसा कर रहे हैं. चिदंबरम जांच में सहयोग करना चाहते हैं. हम तो कह रहे हैं कि आप हमें हिरासत में लीजिए. अगर आपको पूछताछ करनी नहीं थी तो 20 और 21 अगस्त को चिदंबरम को गिरफ्तार करने क्यों आए? आरोपी के पास अधिकार है कि वह कोर्ट में सरेंडर कर सके. चिदंबरम ने तो कोर्ट में ख़ुद आकर कहा कि मैं सरेंडर करना चाहता हूं.
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(Disclaimer: This article is not written By 24Trends, Above article copied from News 18.)